अमर ज्योति चिटफंड घोटाला का मुख्य आरोपी भाई गिरफ्तार, अधिवक्ताओं ने बांटी मिठाई

बदायूं। जिले के बहुचर्चित अमर ज्योति यूनिवर्स निधि लिमिटेड घोटाले में पुलिस और एसटीएफ को बहुत बड़ी कामयाबी हाथ लगी है। निवेशकों के करोड़ों रुपये लेकर लंबे समय से फरार चल रहे मुख्य आरोपी सूर्यकांत मौर्य और शशिकांत मौर्य को संयुक्त टीम ने गिरफ्तार कर लिया है। दोनों आरोपियों पर 50-50 हजार रुपये का इनाम घोषित था। गिरफ्तारी के बाद पुलिस ने दोनों को न्यायालय में पेश किया, जहां से उन्हें न्यायिक कस्टडी में जेल भेज दिया गया है।
एसटीएफ और पुलिस की संयुक्त कार्रवाई
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक ने पुलिस लाइन सभागार में मामले का खुलासा करते हुए बताया कि बरेली के कटरा चांद खां निवासी आरोपी शशिकांत मौर्य और सूर्यकांत मौर्य पुत्र नारायण लंबे समय से वांछित चल रहे थे। एसटीएफ नोएडा यूनिट और कोतवाली सदर पुलिस की संयुक्त टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए दोनों को दबोच लिया। दोनों आरोपियों के खिलाफ बदायूं और बरेली के विभिन्न थानों में धोखाधड़ी सहित गंभीर धाराओं में कुल सात मुकदमे दर्ज हैं।
हजारों निवेशकों से की थी करोड़ों की ठगी
अमर ज्योति यूनिवर्स निधि लिमिटेड जालंधरी सराय शेखूपुर रोड़ स्थित दफ्तर खोल रखा था। उन्होंने सैकड़ों एजेंटों के माध्यम से लोगों को बैंकों से अधिक ब्याज और पांच साल में रकम दोगुनी करने का लालच दिया था। इस झांसे में आकर दिहाड़ी मजदूरों, छोटे दुकानदारों, महिलाओं, पुलिसकर्मियों और सैकड़ों वकीलों समेत लगभग 15 हजार निवेशकों ने करोड़ों रुपये निवेश किए थे। जब मैच्योरिटी पूरी होने पर रकम लौटाने का समय आया, तो आरोपी रातों-रात दफ्तर समेटकर फरार हो गए थे। मंगलवार को स्थानीय पुलिस और एसटीएफ ने मुख्य आरोपी सूर्यकांत मौर्य और शशिकांत मौर्य को संयुक्त टीम ने गिरफ्तार कर लिया है। दोनों आरोपियों पर 50-50 हजार रुपये का इनाम घोषित था। गिरफ्तारी के बाद पुलिस ने दोनों को न्यायालय में पेश किया, जहां से उन्हें न्यायिक कस्टडी में जेल भेज दिया गया है।

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